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मुद्रा बैंक पूरा कर सकता है टारगेट,10 लाख रुपए तक का लोन लेना हुआ आसान

मोदी सरकार मुद्रा बैंक के जरिए इस साल 1.22 लाख करोड़ रुपए कर्ज देने के टारगेट को अब पूरा कर सकती है। ऐसा इसलिए है कि बुधवार को कैबिनेट ने नियमों में जो बदलाव किए हैं, उससे टारगेट पूरा करना आसान हो गया है। बैंकों द्वारा कारोबारियों को दिए जाने वाले 10 लाख रुपए तक के कर्ज पर 50 फीसदी तक गारंटी मिल जाएगी। ऐसे में बैंक उन्हें आसानी से कर्ज दे सकेंगे।





टारगेट पूरा करना हुआ आसान
वित्त मंत्रालय ने मार्च 2016 तक 1.25 करोड़ छोटे कारोबारियों को बैंकिंग सिस्टम से 1.22 लाख करोड़ रुपए का लोन देने का टारगेट रखा है। इसके तहत दिसंबर 2015 तक करीब 71 हजार करोड़ रुपए का लोन डिसबर्स किया जा चुका है। ऐसे में अगले तीन महीने में बैंक को करीब 50 हजार करोड़ रुपए का लोन डिसबर्स करना है। पंजाब नेशनल बैंक के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार छोटे लोन में कोलैट्रल की समस्या रहती है। अब इसके लिए अलग से क्रेडिट गारंटी फंड बनाया जा रहा है। इसमें 50 फीसदी तक के लोन की गारंटी फंड से मिलेगी। ऐसे में बैंक के लिए लोन देना आसान हो जाएगा। जिसका फायदा ज्यादा लोन देने के रूप में दिखेगा। एसएमई एसोसिएशन फिसमे के जनरल सेक्रेटरी अनिल भारद्वाज के अनुसार छोटे कारोबारियों को लोन देना आसान होगा जाएगा। इसका सबसे ज्यादा फायदा 5 लाख रुपए तक का लोन डिमांड करने वाले कारोबारियों को मिलेगा।

क्या है मुद्रा बैंक योजना
प्रधानमंत्री मुद्रा बैंक योजना के तहत तीन प्रकार का लोन दिया जा रहा है। यह लोन शिशु, किशोर और तरुण तीन कैटेगरी के हैं। इसमें शिशु योजना के तहत 50 हजार रुपए तक का लोन दिया जा रहा है। उसी प्रकार किशोर योजना के तहत 50 हजार रुपए से 5 लाख रुपए तक का लोन और तरुण योजना के तहत 5 लाख रुपए से 10 लाख रुपए तक का लोन बैंक दे रहे हैं। मुद्रा बैंक की शुरूआत छोटे कारोबारियों को आसानी से औऱ सस्ता लोन देने के लिए की गई है।


दिसंबर से आई तेजी
वित्त मंत्रालय से मिली जानकारी के अनुसार नवंबर 2015 तक मुद्रा बैंक अपने टारगेट से करीब 80 हजार करोड़ रुपए से पीछे था। लेकिन दिसंबर में जिस तरह से करीब 25 हजार करोड़ रुपए का लोन डिसबर्स हुआ है, उसे देखते हुए अब बैंक के लिए टारगेट पूरा करना आसान हो जाएगा।

वित्त मंत्रालय से मिली जानकारी के अनुसार मुद्रा बैंक से नवंबर तक सबसे ज्यादा कर्ज कर्नाटक में दिया गया है। इसके तहत राज्य में कुल 6105 करोड़ रुपए का कर्ज डिसबर्स हुआ है। उसके बाद महाराष्ट्र में 4638 करोड़ रुपए, आंध्र प्रदेश में 3151 करोड़ रुपए, तमिलनाडु में 4483 करोड़ रुपए डिसबर्स किए गए हैं। जबकि उत्तर प्रदेश में 3600 करोड़, पश्चिम बंगाल में 2638 करोड़ रुपए, गुजरात में 2487 करोड़ रुपए, बिहार में 2332 करोड़ रुपए, मध्य प्रदेश में 2236 करोड़ रुपए और पंजाब में 1695 करोड़ रुपए डिसबर्स किए गए हैं।

कैसे मिलेगा लोन
मुद्रा बैंक सामान्य बैंक की तरह काम नहीं करता है। इसने लोन देने के लिए फाइनेंस कंपनियों, माइक्रोफाइनेंस संस्‍थानों, ट्रस्ट, सोसायटी, एसोसिएशन आदि के साथ टाईअप किया है। जो मुद्रा के नाम पर लोन देते हैं। ऐसे में कोई भी कारोबारी किसी भी बैंक और संबंधित फाइनेंस कंपनी से मुद्रा बैंक योजना के तहत लोन के लिए आवेदन कर सकता है।

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